Sunday, October 30, 2016

तुम्हारे नाम

द्वार-देहरी जलता जो ,
हर दीप तुम्हारे नाम है .
अन्तर्मन से निकला जो ,
हर गीत तुम्हारे नाम है .

तुमको लगें दुआएं सारी .
पूरी हों उम्मीदें सारी .
रहे हौसला अविकल अविजित,
रहो सदा दुश्मन पर भारी .
सूरज की जो अँधियारे पर ,
जीत तुम्हारे नाम है .

अपना सुख-संसार छोड़,
चल पड़े देश की राहों में .
जान हथेली पर रखली है ,
सीमा सिर्फ निगाहों में .
हुए पराजित दमित शत्रु की
भीत तुम्हारे नाम है .

गर्वित है मन पर सोच यही है ,
शब्द भला किस काम के .
फिर भी दीप जलाए हमने ,
सिर्फ तुम्हारे नाम के .
हम सब ऋणी तुम्हारे ,
बस यह प्रीति तुम्हारे नाम है .
वीर जवानो मेरा तो ,
हर गीत तुम्हारे नाम है .


11 comments:

  1. प्रभावशाली गीत , मंगलकामनाएं आपकी कलम को !

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  2. आपको सूचित करते हुए हर्ष हो रहा है कि- आपकी इस प्रविष्टि के लिंक की चर्चा कल सोमवार (31-10-2016) के चर्चा मंच "स्नेह की लौ से जगमग हो दीवाली" {चर्चा अंक- 2512} पर भी होगी!
    दीपावली की हार्दिक शुभकामनाओं के साथ।
    डॉ. रूपचन्द्र शास्त्री 'मयंक'

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  3. आपकी लिखी रचना "पांच लिंकों का आनन्द में" सोमवार 31 अक्टूबर 2016 को लिंक की गई है.... http://halchalwith5links.blogspot.in पर आप भी आइएगा....धन्यवाद!

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  4. ब्लॉग बुलेटिन टीम और मेरी ओर से आप सभी को दिवाली की हार्दिक शुभकामनाएं|


    ब्लॉग बुलेटिन की आज की बुलेटिन, "ब्लॉग बुलेटिन का दिवाली विशेषांक“ , मे आप की पोस्ट को भी शामिल किया गया है ... सादर आभार !

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  5. आपके गीतों को सलाम दीदी, उन वीर जवानों को सैल्यूट और जिनके घर इस दीवाली पर दीप भी न जल पाए, उनके परिजनों को प्रणाम. जय भारत माता के वीर सपूतों की!!

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  6. यह प्रीति तुम्हारे नाम है - सबके मनों में ऐसा ही स्नेह-भाव जाग जाये यही मनाती हूँ .

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  7. मंत्र-मुग्ध हुआ मन । शुभकामनाएँ ।

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  8. मंत्र-मुग्ध हुआ मन । शुभकामनाएँ ।

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  9. बहुत ही सुन्दर गीत देश के शहीदों के नाम ... अँधेरे पे जीत प्रकाश की होती ही है और देश के अमर जवानों ने ये काम बाखूबी किया है ... हर दीप उन्ही के नाम है जिनके हाथ देश की कमान है ....

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  10. बहुत सुन्दर गीत...

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